छत्तीसगढ़मोटिवेशनल

मुख्यमंत्री बघेल बोले, गांव-शहर और वनांचलों के विद्यार्थियों को मिले समान अवसर

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि हमारी कोशिश गांव-शहर के साथ ही वनांचलों के विद्यार्थियों को शिक्षा (Education to Students) के समान अवसर उपलब्ध कराने की है। इस वर्ष बोर्ड परीक्षा में दूरस्थ अंचलों के बच्चों ने अच्छी सफलता पायी है। बच्चों में कुशाग्रता की कमी नही है। जरूरत उन्हें अवसर प्रदान करने की है।

मुख्यमंत्री बघेल आज स्वामी आत्मानंद मेधावी छात्र प्रोत्साहन योजना अंतर्गत छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की वर्ष 2023 की वार्षिक परीक्षा में कक्षा 10वीं और 12वीं प्रावीण्य सूची में स्थान प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं (Education to Students) को सम्मानित किया। समारोह में सभी मेधावी छात्र-छात्राओं को डेढ़-डेढ़ लाख रूपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने समारोह में प्रोत्साहन राशि को मेधावी छात्र-छात्राओं के बैंक खाते आरटीजीएस के माध्यम से ट्रांसफर किया।

प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन मुख्यमंत्री निवास में किया गया। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मेधावी छात्र-छात्राओं को शुभकामनाएं दी। उन्होंने बच्चों से सीधे संवाद करते हुए पूछा कि हेलीकॉप्टर में बैठने से किसी को डर तो नहीं लगा, सभी बच्चों ने सामूहिक रूप से कहा कि बिल्कुल भी डर नहीं लगा।

यह भी पढ़े :- मुख्यमंत्री बघेल के निर्देश, अब आय, जाति प्रमाण पत्र के लिए पटवारी की जरूरत नहीं

मुख्यमंत्री ने सभी बच्चों की प्रशंसा करते हुए बताया कि प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र के रघुनाथपुर में भेंट-मुलाकात कार्यक्रम के दौरान स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय के निरीक्षण के दौरान नन्हीं बालिका स्मृति कि जिद पर वहां उसके साथ तीन-चार बच्चों को हेलीकॉॅप्टर में घुमाया। इसके बाद 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा के टॉपर्स को हेलीकॉप्टर जॉय राइडिंग कराने का फैसला लिया गया।

उन्होंने कहा कि भविष्य में कई बच्चों को हवाई जहाज पर चढ़ने का अवसर मिलेगा, लेकिन सरकार के हेलीकॉप्टर में कुछ गिन-चुने लोगों को ही सफर करने का अवसर मिलता है। पिछले वर्ष 2022 में बोर्ड परीक्षा के टॉपरों को जॉय राइडिंग करायी गई। इस वर्ष बोर्ड परीक्षा के 78 टॉपर्स के साथ हाई स्कूल और हाई सेकेण्डरी परीक्षा में विशेष पिछड़ी जनजाति के पांच-पांच टॉपर्स को भी जॉय राइडिंग कराया गया।

जब हम कोई लक्ष्य हासिल करते है तो समाज और परिवार में सम्मान बढ़ता है। उन्होंने बच्चों को सीख देते हुए कहा कि सफलता से आपके व्यवहार में बदलाव नहीं आना चाहिए। सफलता पर गर्व करें, घमण्ड नहीं, विनम्र बनें। मुख्यमंत्री ने कहा कि खुशी की बात है कि प्रावीण्य सूची में अधिकतर विद्यार्थी छत्तीसगढ़ के सुदूर अंचल के ग्रामीण परिवेश से है।

सातवीं की छात्रा ने दिलाई दसवीं की परीक्षा

स्वामी आत्मानंद मेधावी छात्र प्रोत्साहन योजना के तहत छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की वर्ष 2023 की कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षा की प्रावीण्य सूची में स्थान प्राप्त करने वाले 78 छात्र-छात्राओं में से कक्षा 10वीं के 48 और कक्षा 12वीं के 30 छात्र-छात्राएं शामिल हैं। (Education to Students)

इस वर्ष स्वामी आत्मानंद विद्यालय के हाईस्कूल के 11 एवं हायर सेकेण्डरी के 8 विद्यार्थियों ने प्रावीण्य सूची में स्थान प्राप्त किया है। समारोह में बालोद जिले के ग्राम घुमका की छात्रा नरगिस खान को भी सम्मानित किया गया। नरगिस खान कक्षा सातवीं की छात्रा है उन्हें विशेष अनुमति से दसवीं की बोर्ड परीक्षा में सम्मिलित होने की अनुमति दी गई थी। नरगिस ने बोर्ड परीक्षा में 90.50 प्रतिशत अंक हासिल किए है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button